Dosti Shayari

Dosti Shayari

लोग रूप देखते है ,हम दिल देखते है ,लोग सपने देखते है हम हक़ीकत देखते है,लोग दुनिया मे दोस्त देखते है,हम दोस्तो मे दुनिया देखते है।

कहीं अंधेरा तो कहीं शाम होगी,मेरी हर ख़ुशी तेरे नाम होगी, कभी मांग कर तो देख हमसे ए दोस्त, होंठो पर हसीं और हथेली पर जान होगी।

हर मोड़ पर मुकाम नहीं होता,दिल के रिश्तो का कोई नाम नहीं होता,चिराग की रौशनी से ढूँढा है आपको,आप जैसा दोस्त मिलना आसान नहीं होता।

“हर कोई साथ हो ये जरुरी नहीं होता,जगह तो दिल में बनायीं जाती हैं,पास होकर भी दोस्ती इतनी अटूट नहीं होती,जितनी की दूर रह कर निभाई जाती हैं.”

सारे दोस्त एक जैसे नहीं होते,कुछ हमारे होकर भी हमारे नहीं होते, आपसे दोस्ती करने के बाद महसूस हुआ, कौन कहता है ‘तारे ज़मीं पर’ नहीं होते।

यह सफ़र दोस्ती का कभी ख़त्म न होगा,दोस्तों से प्यार कभी कम न होगा,दूर रहकर भी जब रहेगी महक इसकी,हमें कभी बिछड़ने का ग़म न होगा।

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